बड़ी मुश्किल से आजाद हुआ हमारा हिन्दुस्तान, फिर सरकारी ऑफिस में भ्रष्टाचार ने डेरा डाला, जनता के सेवक भी होने लगे थोड़ा थोड़ा बेईमान, हद तो तब हुई,जब धरती का भगवान बना हैवान, बिन मतलब जांच पर जांच, आती नहीं जरा भी लाज, एमआर का टार्गेट पूरा करना जिनका पहला लक्ष्य, भाड़ में जाए गरीब मरीज और मरीज का इलाज, सबकुछ लूटा कितने मर गए, खुलता नहीं यहां कोई राज